है ये सफर लंबा ही सही , मिलते रहे हम , हमेशा ,ऐ बेहना…………..
तेरी भी दुआएं सफर में शामिल रहें, ऐ बेहना , ………….
होगयी बिदा तू ,ऐ बेहना , ……………
फिर भी हर सुख – दुःख में वो साथ रही ,ऐ बेहना , …………..
हर लम्हा। हर पल मिलती रहे खुशियाँ तुझे , ऐ बेहना , ………………
दुआएं मेरी भी ये ही रही तुझे , ऐ बेहना , …………….
है ये सफर लंबा ही सही , मिलते रहे हम , हमेशा ,ऐ बेहना………………
देता रहूँ तुझे हमेसा , जो तू चाहे ,ऐ बेहना , ………………..
बांधा है तूने हर दुआओं का बंधन इस राखी में , ऐ बेहना , ……………
अर्ज है इतनी सी उस खुदा से , ऐ बेहना………….
है ये सफर लंबा ही सही , मिलते रहे हम , हमेशा ,ऐ बेहना………….
रहूँ दूर तुझसे भले ही सही , असर है दुआओं में तेरी , ऐ बेहना……………
है ये सफर लंबा ही सही , मिलते रहे हम , हमेशा ,ऐ बेहना………………..
हल्की सी आहट पे भी ये दिल धड़क जाता है,तेरी खामोशी का शोर मुझ तक चला आता है,तु कुछ ना कह मुझ से मे सुनती हूँ तेरी हर सदा,मेरे शहर का हर परिंदा अब तेरी खबर लाता है।


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